साथियों,
भारतीय एकता संगठन के संयोजक राहुल मिश्रा आगामी ६ अप्रैल को इलाहाबाद पहुच रहे है इसकी सुचना
संगठन के प्रभारी कमल त्रिपाठी जी ने दी है मिश्रा जी नार्थ ईस्ट एक्सप्रेस से इलाहाबाद आ रहे है /
सुप्रभात
भारत भारतीयता और भाईचारे की भावना से ओत प्रोत एक ऐसा संगठन जो समाज के संपूर्ण विकास के प्रति समर्पित है / मानवता के प्रति समर्पित भारतीय एकता संगठन
Wednesday, March 25, 2009
Tuesday, March 3, 2009
इन्सान को समझो
साथियों ,
यह विचार उनके लिए है जिन्हें पैसो का गर्व कुछ ज्यादा होता है और जो अपने आगे किसी को नही देखना चाहते /
पैसे से साधन ख़रीदे जा सकते है पर उनका उपयोग समुचित ढंग से नही किया जा सकता है
दुनिया में कोई भी इन्सान बुरा नही है / बस हमारी सोच इन्सान को बुरा और अच्छा बनती है
ख़ुद सोचिये जिस इन्सान ने हमें बनाया इतनी खुबसूरत दुनिया बनाई वो बुराई नही बना सकता है
इस दुनिया को बुरा हम बनते है अपने विचारो से आचारो से , और क्रिया कलापों से
ख़ुद को प्यार करो दुनिया ख़ुद प्यार देगी
इन्सान को समझ लो इंसानियत अपना सब कुछ वार देगी
हर इन्सान इतना बुरा नही होता जितनी हमारी सच उसके प्रति बुरी हो जाती है / ख़ुद को बदल कर देखो
ये जमाना बदला बदला सा नजर आएगा
राहुल मिश्रा
भारतीय एकता संगठन
यह विचार उनके लिए है जिन्हें पैसो का गर्व कुछ ज्यादा होता है और जो अपने आगे किसी को नही देखना चाहते /
पैसे से साधन ख़रीदे जा सकते है पर उनका उपयोग समुचित ढंग से नही किया जा सकता है
दुनिया में कोई भी इन्सान बुरा नही है / बस हमारी सोच इन्सान को बुरा और अच्छा बनती है
ख़ुद सोचिये जिस इन्सान ने हमें बनाया इतनी खुबसूरत दुनिया बनाई वो बुराई नही बना सकता है
इस दुनिया को बुरा हम बनते है अपने विचारो से आचारो से , और क्रिया कलापों से
ख़ुद को प्यार करो दुनिया ख़ुद प्यार देगी
इन्सान को समझ लो इंसानियत अपना सब कुछ वार देगी
हर इन्सान इतना बुरा नही होता जितनी हमारी सच उसके प्रति बुरी हो जाती है / ख़ुद को बदल कर देखो
ये जमाना बदला बदला सा नजर आएगा
राहुल मिश्रा
भारतीय एकता संगठन
साथियों ,
आशा है आप सब सकुशल से होंगे होली के त्यौहार का आगमन हो चुका है / हर तरफ़ की फिजा बसंतमय हो चुकी है / यह एक ऐसा समय हो जो हर इन्सान के अन्दर आलस्य का समावेश करा देता है पर फ़िर भी
यह मौषम हमारे जीवन का सबसे सुनहरा मौषम होता है /
साथियों
जब अपना कोई नाराज होता है तो दिल को बड़ी पीडा होती है अगला नही समझ पताकी उसने क्या बोला
हम को भी हमारे किसी अजीज ने कुछ बाते कही है / पर इस के द्वारा हम उन्हें बताना चाहेगे हम इतने कमजोर भी नही की इन बातो से डर जाए इन्सान की जिंदगी में प्यारका एक अलग मुकाम होता है जब आपको भी इंसानों से प्यार होगा तो आप भी रिश्तोकी क़द्र करना सीख जायेगी ये विश्वास है हमें
राहुल मिश्रा
भारतीय एकता संगठन
आशा है आप सब सकुशल से होंगे होली के त्यौहार का आगमन हो चुका है / हर तरफ़ की फिजा बसंतमय हो चुकी है / यह एक ऐसा समय हो जो हर इन्सान के अन्दर आलस्य का समावेश करा देता है पर फ़िर भी
यह मौषम हमारे जीवन का सबसे सुनहरा मौषम होता है /
साथियों
जब अपना कोई नाराज होता है तो दिल को बड़ी पीडा होती है अगला नही समझ पताकी उसने क्या बोला
हम को भी हमारे किसी अजीज ने कुछ बाते कही है / पर इस के द्वारा हम उन्हें बताना चाहेगे हम इतने कमजोर भी नही की इन बातो से डर जाए इन्सान की जिंदगी में प्यारका एक अलग मुकाम होता है जब आपको भी इंसानों से प्यार होगा तो आप भी रिश्तोकी क़द्र करना सीख जायेगी ये विश्वास है हमें
राहुल मिश्रा
भारतीय एकता संगठन
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